हनुमान जी का ताबीज बनाने की विधि : पहने मगर सावधानी से

हनुमान जी का ताबीज बनाने की विधि : ताबीज नहीं हे हनुमान जी का आशीर्वाद हे

हनुमान जी का ताबीज पहनने के फायदे:

हनुमान जी का ताबीज बनाने की विधि आपको आगे बताएंगे ही , उससे पहले आपको बता दे की हनुमान जी का ताबीज पहनने के फायदे क्या क्या फायदे हे –
( 1 ) आपको अगर भूत – प्रेत से  डर लगा रहता हे , अगर आप रात को सही शुनसान जगह पे फंस जाते हो और आपको डर  लगता          हे, भूत- प्रेत से अनजान शक्तियों से तब हनुमान जी का ताबीज आपको बहुत फायदा करता हे , आपके अंदर से डर खत्म करता हे |

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( 2 ) रात को जब आप सोते हे , तब आपको डर  लगता हे , अगर सपने मे उलटे सीधे सपने आते हे , मतलब सपने गंदे गंदे आते हे , भूत -प्रेत के सपने आते हे , कभी कभी सपनों मे लाश  के भी सपने आते हे , आपको बता भी नहीं सकता ऐसे सपने आते हे , तब ये ताबीज आपको बहुत फायदा करता हे |

( 3 )  अगर आपकी कुंडली मे शनिदेव का दोष हे , शनिदेव आपको परेशान करते हे मतलब अगर आपकी गाड़ी खराब हो जाती हे  ,            आप ड्यूटी पे जा रहे हो तो गाड़ी खराब हो जाती हे , या जब आप ऑफिस के काम से बाइक या कार से जा रहे हो और आपकी गाड़ी पंचर हो जाए तो आप समझ जाना की शनिदेव आपसे नाराज हे , क्युकी शनिदेव हमेशा काम काज के समय ही परेशानी ज्यादा देते हे |

इसके लिय तो आपको वेसे शनिदेव को तेल चढ़ाना चाहिए \हर शनिवार को मंदिर मे | ऐसे मे आपको लोहे का छल्ला नहीं पहनना हे | बस शनिदेव से पार्थना करना हे ,उन्हे खुश रखना हे |
हनुमान जी के भक्तों को शनिदेव थोड़ा कम परेशान करते हे , थोड़ा इसलिय कह  रहा हु  क्युकी अपने कर्मों का फल तो आपको मिलेगा ही ,और शनिदेव उसी के देवता हे | तो ये मत समझना की आप पाप कर जयोगे और हनुमान जी की शरण मे जयोगे तो पाप खत्म हो जाएगा नहीं  ऐसा नहीं  पाप थोड़ा कम हो सकता हे  पूरी तरह से खत्म नहीं होगा  ,वो तो आपको झेलना ही होगा |

( 4 ) अगर आपको राहू और केतु परेशान कर रहे हे , मतलब अगर आपकी कुंडली मे राहू, केतु और शनिदेव से दिक्कत या रही हे ,तो        भी हनुमान जी की ताबीज आपको फायदा पहुचाएगी |

( 5 ) अगर आपको नजर लग जाती हे | मतलब अगर आपको या आपके बच्चों को बार बार नजर लग जाती हे | बच्चे दूध पीने मे आना कानी करते हे ,बच्चे खाना खाने मे आना कानी करते हे ,तो इसका मतलब हे की बच्चों के दूध मे और खाने मे नजर लगी हुई हे |

इसलिय  पहले आप बच्चों की नजर उतार ले फिर ताबीज पहनाए , नजर उतारने के लिय आपको 7 साबुत लाल मिर्च डंडी सहित , सरसों के दाने , आधा चम्मच नमक , झारू की सीक , प्याज का सिलका ,लहसुन का सिलका | इन सबको एक कागज मे करके आपको आपने बच्चे के हाथ मे दूध मे नजर लागि हो तो दूध पकड़ा दो या खाने मे नजर लगी हो तो उसका खाना निकाल के उस बच्चे को पकड़ा दो | बच्चा पकड़ नहीं सकता तो उसके बगल मे रख दो |
अब आप उस कागज को लो जिसमे सब समान हे और उसको बच्चे और दूध या खाने को एक साथ उल्टा उबारना हे , मतलब उलटी घड़ी जेसे हाथ घूमा कर उबारना हे और वो भी 7 बार उबारना हे | और उस आग मे डाल देना हे |

अब जब वो सारा समान जल जाए ,तब आपको बच्चों को वो दूध या खाना खिलाना हे , आपको ये रविवार और मंगवार को सुबह और सायं को करना हे , ध्यान देना ये सब करते वक्त कोई टोकना नहीं चाहिए | बस ये सब करके फिर आप हनुमान जी का ताबीज पहना दो | फिर हनुमान जी की दया से आपके बच्चों को नजर नहीं लगेगी |

( 5 )  अगर आपको बार चोट लग  रही हो | मतलब अगर आपको आपके और आपके बच्चों को बार लोहे से या केसे भी चोट लग रही हो , तो भी ये ताबीज आपको  बहुत फायदा पहुचाएगी ,आपको हनुमान जी दया से सारी परेशानी से मुक्ति मिल जाएगी |

हनुमान जी का ताबीज पहनने के नियम :

हनुमान  जी का ताबीज बनाने की विधि  के लिय आपको एक हफ्ते पहले से ही प्याज और लहसुन का त्याग करना होगा ,अगर कर सकते हो तो ,बहुत अच्छा हो जाएगा ,और माँस अगर आप खाते हो तो आपको वो तो छोड़ना  ही होगा और कम से कम एक हफ्ते पहले से ही | और अगर आप छोड़ दो तब तो आपकी आधी परेशानी वेसे ही खत्म हो जाएगी |
खेर अगर आप मांस मछली खाते हो तो भी आप ताबीज पहन सकते हो इसके लिय आप एक काम करो , जब भी आप मांस मछली खाते हो तो आपको ये ताबीज उतार के  आप वो खाना खा  सकते हो और अगले दिन उस ताबीज मे नहा धोकर जब पूजा करोगे तो आप इस ताबीज को धूप दिया दिखा कर ,हनुमान चालीसा पड़ कर आप पहन सकते हो |

अगर आप किसी की क्रिया करम मे शामिल होते हो  ,मतलब आप किसी की शव यात्रा  शामिल होते हो तो आपको ये ताबीज घर पे उतार देना चाहिए |और फिर शव यात्रा मे शामिल होना चाहिय , नहीं तो होगा यू की आप अगर ये ताबीज पहन के चले गए किसी की शव यात्रा मे तो ये ताबीज खराब हो जाएगी | आपको दुबारा से ताबीज बनानी होगी |

शव यात्रा से आने के बाद आपको अगले दिन नहा धोकर पूजा पाठ करके धूप दिया दिखा कर पहन लेना चाहिय |

आपको रात को भी ये ताबीज उतार देनी चाहिय और आप अपनी वाइफ के साथ रात को सोते हे तो भी ये ताबीज उतार देना चाहिए
लेकिन तब जब आपकी वाइफ का या तो period चालू हो या आप उसके साथ हमबिस्तर हो रहे हो तब | क्युकी गंदा हाथ आपका लगेगा ताबीज पे और फिर वो खराब हो जाएगा
क्या करे दोस्तों हनुमान जी ताबीज हे कुछ नियम शक्त होते हे | 

हनुमान  जी का ताबीज बनाने की विधि:

हनुमान जी का ताबीज बनाने की विधि
हनुमान जी का ताबीज बनाने की विधि


हनुमान जी का ताबीज बनाने की विधि  के लिय  आपको पहले ही बता दिया दिया की पूरी पवित्रता का ध्यान दें होगा | फिर आपक मंगलवार को सुभह नहा धोकर हनमान जी एक चोंकी त्यार कर लो , फिर हनुमान जी एक फोटो रख के फोटो पर  फूल माला चड़ा कर  धूप दिया जला कर आसन पर बेठ जाओ |
एक बार हनुमान चालीसा का पाठ कर लो | अब आपको एक ताबीज बनाने के लिय सामग्री  चाहिय होगी | इसलिय आपको एक भोजपत्र , अनार के पेन का कलम , पँसारी के दुकान से ताबीज बनाने के लिय सिंदूर मिलता हे , आप दुकानदार से बोलोगे तो दे देगा , फिर आपको एक ताबीज लेना हे और वो भी चांदी का | क्युकी चांदी की ताबीज खराब नहीं होती हे , मतलब अगर आप अपने ताबीज मे चांदी का ताबीज use करते हे ,तो आपका ताबीज जल्दी होता हे |

फिर आपको हनुमान जी एक मंत्र उस भोजपत्र के कागज पे लिखना हे ,उस अनार के पेन से और उस सिंदूर की घोल की मदद से , आप इस मंत्र को लिख लोगे मंत्र कुछ इस प्रकार हे —

ॐ हं हनुमते रुद्रात्मकाय हुं फट स्वाहा 

इससे पहले आपको इस मंत्र का 108 बार जाप करना हे | फिर आपको इस मंत्र को भोजपत्र पे लिखना हे ,भोजपत्र पे लिखकर आप कुछ देर रख दो उस भोजपत्र को सूखने के लिए फिर आप उस भोजपत्र पे धूप और दिया दिखा कर ,भोजपत्र को मोड़कर कर उस चांदी की ताबीज मे डालना हे , चांदी की ताबीज मे भोजपत्र को डालने से पहले आपको उस भोजपत्र मे एक पन्नी मे  लपेट दे ,जिससे उसमे पानी न जा पाए |
बस उसके बाद एक लाल धागा लेकर उस ताबीज  मे लाल धागा डाल कर ,फिर ताबीज को धूप दिया दिखाकर पहन लो | और जो नियम बताए हे ,उसका पालन करते रहों , हनुमान जी की दया से आप के ऊपर कोई परेशानी नहीं आएगी |

 

 

 

 

 

 

 

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